30-November-2022

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Bihar: फारबिसगंज एयरपोर्ट जल्द हो सकता है शुरू! पहले न्यायालय फिर सरकार के सकारात्मक हस्तक्षेप बाद बढ़ी उम्मीदें

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FORBISGANJ: पहले उच्च न्यायालय फिर अब न्यायालय के आदेश पर सरकार के सकारात्मक हस्तक्षेप के बाद फारबिसगंज एयरपोर्ट के शुरू होने की आस बढ़ गई है। न्यायालय के आदेश के बाद बिहार के मुख्य सचिव आमिर सुबहानी द्वारा वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से डीएम के साथ समीक्षा बैठक हुई जिसमें फारबिसगंज सहित अन्य एयरपोर्ट को विकसित करने के निर्देश के बाद इलाके के लोगों में खुशी का माहौल रहा। लोगों का कहना है कि जिस प्रकार पहले न्यायालय फिर सरकार द्वारा इसमें दिलचस्पी दिखाई है। भारत और चीन के बीच मौजूदा रिश्ते को लेकर इस एयरपोर्ट के शुरू होने की संभावना और प्रबल हो गई है।

आपको बता दूं कि वर्ष 1962 में भारत चीन युद्ध के दौरान सैनिकों के उपयोग के लिए पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने इस हवाई पट्टी बनवाया था। खास बात यह है कि 2-2 प्रधानमंत्री के विश्वास दिलाने के बाद भी आज तक इसका निर्माण पूरा नहीं हो पाया। बता दूं कि 44 साल के बाद 16 वर्ष पहले 22 नवंबर 2006 को एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों ने इसका सर्वेक्षण करने के बाद उन्होंने इस हवाई पट्टी का नामांतरण मोटेशन एयरपोर्ट अथॉरिटी के नाम करवाने के संकेत दिए थे।

एयर ट्रेफिक कंट्रोल के प्रबंधक एके द्विवेदी ने इसकी घेराबंदी कराने के साथ ही इस जमीन की लीज प्रणाली को समाप्त करने की बात कही थी। तथा इस पर फ्लाइंग क्लब भी खोलने के संकेत दिए थे। हालांकि घेराबंदी का कार्य कुछ हद तक तो किया गया लेकिन अब तक लीज प्रणाली पर भी अंकुश नहीं लग पाया है। मालूम हो कि 10 जून 1973 को नेपाल से शाही विमान का अपहरण कर लिया गया था। और इसी हवाई पट्टी पर उतारकर 37 लाख रुपए लूट लिए गए थे। नेपाल में चल रहे राणा हुकूमत के खिलाफ प्रजातंत्र की स्थापना को लेकर आंदोलनकारियों द्वारा इस किया गया था। यह एशिया महादेश की पहली ऐसी घटना थी ।

इस मामले में भारत एवं नेपाल के लगभग डेढ़ दर्जन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था जिसमें नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय गिरिजा प्रसाद कोइराला के नाम भी शामिल था। बाद में भारत नेपाल के बीच पारगमन संधि के बाद इस केस को वापस ले लिया गया। पीवी नरसिंह राव प्रधानमंत्री जब केंद्र में थे तब इसी हवाई पट्टी पर चुनावी सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने इसे चालू करने के आश्वासन दिए थे। इसके बाद फिर मुलायम सिंह यादव रक्षा मंत्री थे तब उन्होंने इसे चालू कराने की बात कही थी। वहीं लोकसभा चुनाव के दौरान PM नरेंद्र मोदी ने भी इस हवाई अड्डा को चालू करने के संकेत दिये थे।